राजस्थान सरकार ने RTE नियमों में किया संशोधन, एलकेजी-यूकेजी से अनुदान खत्म
RTE Update : राज्य सरकार ने प्रदेश के निजी शैक्षणिक संस्थानों में आरटीई (राइट टू एजुकेशन) के तहत निशुल्क प्रवेश की नीति में महत्वपूर्ण बदलाव किया है। माध्यमिक शिक्षा निदेशक सीताराम जाट ने सभी जिला शिक्षा अधिकारियों को जारी निर्देश में कहा है कि वे सभी निजी स्कूलों को सूचित करें कि अब पीपी 3 (पूर्व प्राथमिक कक्षा) और कक्षा एक में ही आरटीई के अंतर्गत नि:शुल्क प्रवेश की सुविधा मिलेगी।
सत्र 2025-26 से लागू होगा यह निर्णय
यह निर्णय सत्र 2025-26 से लागू होगा। इससे पहले, एलकेजी और यूकेजी जैसी कक्षाओं में भी सरकारी अनुदान के माध्यम से फीस का भुगतान किया जाता था। अब इन कक्षाओं में प्रवेश के लिए कोई भी सरकारी अनुदान नहीं मिलेगा। निदेशक के अनुसार इस कदम का मकसद शिक्षा के अधिकार को मुख्य प्राथमिक और पहली कक्षा तक सीमित करना है।
आदेश मांगने पर निजी स्कूल पर कार्रवाई के आदेश
अधिकारियों को यह भी निर्देशित किया गया है कि यदि कोई निजी स्कूल आरटीई के तहत नि:शुल्क प्रवेश देने से इनकार करता है या फीस मांगता है, तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए।
शिक्षा विभाग का अपना तर्क
इस बदलाव के बाद निजी स्कूल केवल पीपी-3 और कक्षा-एक में ही सरकारी सहायता प्राप्त कर सकेंगे। इससे पूर्व प्राथमिक स्तर पर सरकारी अनुदान का लाभ सीमित हो जाएगा। शिक्षा विभाग का मानना है कि इससे शिक्षा के अधिकार का दुरुपयोग रोका जा सकेगा और संसाधनों का समुचित वितरण सुनिश्चित किया जा सकेगा।
'सिर्फ गुस्सा नहीं, ठोस कदम जरूरी', शिक्षा मंत्री ने राहुल पर साधा निशाना
निशातपुरा स्टेशन तैयार, 26 जुलाई से तीन ट्रेनों के साथ शुरू होगी नई यात्रा
CJP हिंसा पर सख्त कार्रवाई, उपद्रवियों के खिलाफ दिल्ली पुलिस ने दर्ज की नौ FIR
मध्य प्रदेश में जीवनरक्षक कानून लागू, शहर-गांव के लिए तय हुई गोल्डन टाइम सीमा
48 घंटे में बदला छात्र आंदोलन का पूरा घटनाक्रम, CJP प्रदर्शन बना सियासी मुद्दा