अखिलेश यादव के 40-50 हजार ऐलान पर कांग्रेस नेताओं ने जताया समर्थन, चुनावी मुद्दा बना
उत्तर प्रदेश के बाराबंकी से पूर्व सांसद और कांग्रेस नेता पीएल पुनिया ने बीजेपी पर हमला करते हुए बीते बिहार चुनाव में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं व दूसरे कर्मचारियों की सैलरी बढ़ाने को लेकर कहा कि यह वोट खरीदना नहीं तो और क्या है? अखिलेश यादव के इसी तरह 10,000 की ही तरह 40,000 या 50,000 देने की बात पर समर्थन किया. उन्होंने कहा इसमें कोई आपत्ति नहीं है, मैं उनसे पूरी तरह सहमत हूँ |
पीएल पुनिया ने इसे बीजेपी का सत्ता हथियाने का चुनवाई हथकंडा बताया. और 2027 में बीजेपी के जीत के दावे पर सवाल उठाया और कहा कि जनता अब समझ चुकी है, खासकर बिहार चुनाव के बाद |
सैलरी बढ़ाने को बताया ‘वोट खरीद
कांग्रेस नेता ने कहा, "आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं और इसी तरह के अन्य कार्यकर्ताओं की सैलरी बढ़ाई गई | अगर यह वोट खरीदना नहीं है, तो क्या है? अखिलेश यादव का समर्थन करते हुआ कहा कि जब चुनाव इसी आधार पर लड़े जा रहे हैं और वे महिलाओं को 10,000 रुपये दे रहे हैं, तो हम 40,000 रुपये, 50,000 रुपये देंगे | सब कुछ पारदर्शी है और उन्होंने कुछ भी आपत्तिजनक नहीं कहा. मैं पूरी तरह उनके साथ सहमत हूं | उन्होंने आगे कहा कि भाजपा की यह रणनीति चुनावी फायदे के लिए है और विपक्ष इसे और मजबूत तरीके से जवाब देगा |
भाजपा की 2027 दावेदारी पर सवाल
2027 में सत्ता हासिल करने की दावेदारी पर पुनिया ने कहा कि आखिर बीजेपी किस आधार पर यह कह रही कि वे 2027 में सत्ता में बने रहेंगे | उनकी मंशा कीस भी तरह का हथकंडा अपनाकर 2047 तक सत्ता में बने रहना है | बोले कि ऐसा अक्भी नहीं होगा अब जनता सबकुछ समझ चुकी है. बिहार में कैसे लोगों को ठगा गया | पुनिया का यह बयान ऐसे समय में आया है जब 2027 के लिए समाजवादी पार्टी के साथ ही कांग्रेस भी उत्तर प्रदेश में अपनी जमीन तैयार कर रही है | इण्डिया गठबंधन में समनवय बना रहे इसके लिए दोनों ओर से नेता लगातार एक दूसरे का समर्थन कर रहे हैं |
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